उत्तरकाशी: मौसम विभाग की भविष्यवाणी आखिर एक बार सही साबित हुई है. उत्तरकाशी में गुरुवार को उच्चाई क्षेत्रों में बर्फबारी और निचले इलाकों में बारिश हुई. जिससे ठिठुरन एक फिर बढ़ गई है. आज तेज बारिश, ओलावृष्टि और बर्फबारी को लेकर अलर्ट जारी किया गया है.
बता दें कि मौसम विभाग के मुताबिक, उत्तराखंड में आज 26 फरवरी से एक मार्च तक वेस्टर्न डिस्टर्बेंस सक्रिय रहेगा. इसके प्रभाव से तेज बारिश, बर्फबारी और ओलावृष्टि देखने को मिलेगी. यही वजह रही कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का 27 फरवरी का प्रस्तावित हर्षिल मुखवा दौरा भी खराब मौसम के चलते स्थगित हुआ है.
बुधवार राज्य के कई जिलों में तेज बारिश, बर्फबारी, ओलावृष्टि और बिजली गिरने की चेतावनी जारी की है. खासकर देहरादून, टिहरी और उत्तरकाशी में ओलावृष्टि और तेज गरज के साथ बारिश हो सकती है. वहीं, चमोली और पिथौरागढ़ में भी बिजली चमकने के साथ बारिश होने की संभावना बताई गई थी. गौरतलब है कि बीते मंगलवार को भी उत्तराखंड के कुछ हिस्सों में बारिश देखी गई थी. मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक, 26 फरवरी से 1 मार्च 2025 के बीच उत्तराखंड में वेस्टर्न डिस्टर्बेंस सक्रिय रहेगा. इसके प्रभाव से तेज बारिश, बर्फबारी और ओलावृष्टि देखने को मिलेगी.
आने वाले दिनों में ऐसा रहेगा मौसम
इसके साथ ही 27 और 28 फरवरी को भी इसका सबसे अधिक प्रभाव का अनुमान लगाया गया है, जिससे पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी और मैदानी इलाकों में तेज बारिश हुई . उत्तरकाशी के गंगोत्री, हर्षिल, मां गंगा का शीतकालीन प्रवास मुखवा गांव, धराली, समेत यमुनोत्री तीर्थ धाम, खरशाली, हरकीदून आदि ऊंचाई क्षेत्रों में बर्फबारी और निचले इलाकों में बारिश हुई है.
मौसम विभाग ने किसानों और आम लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है. ओलावृष्टि से फसलों, बागवानी और खेती को भारी नुकसान होने की आशंका है.इसके अलावा खुले में खड़े वाहनों और घरों की छतों को भी नुकसान हो सकता है. बिजली गिरने की भी संभावना जताई गई है, जिससे जान-माल के नुकसान का खतरा बना रहेगा, इसलिए बेवजह बाहर निकलने से बचें और सुरक्षित स्थानों पर रहें.
प्रशासन ने सतर्क रहने की दी सलाह
मौसम पूर्वानुमान के दृष्टिगत जिलाधिकारी एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अध्यक्ष डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट के निर्देशानुसार जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र के द्वारा विशेष सर्तकता एवं सावधानी बरतते हुये खोज-बचाव कार्य एवं सड़क/पैदल मार्गों से सम्बन्धित उत्तरदायी समस्त विभागों/कार्मिकों, विद्युत विभाग, जलापूर्ति विभाग तथा वन विभाग, पुलिस के कार्मिक सर्तक रहते हुये संसाधनों की तैनाती कर आवश्यक सेवा बाधित होने पर तत्काल सुचारू करवाने का अलर्ट निर्गत किया गया है. उक्त अवधि में जनपद अन्तर्गत आये यात्रियों/पर्यटकों/ट्रेकरों को सुरक्षित स्थानो पर ठहरने हेतु सूचित करने की भी हिदायत जारी की गई है.
हिन्दुस्थान समाचार